रामगंजमंडी। “हरियालो राजस्थान” अभियान के तहत बुधवार को रामगंजमंडी में एक अनोखी पहल की गई। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला और कैबिनेट मंत्री मदन दिलावर के मार्गदर्शन में मुख्यमंत्री जल स्वावलंबन अभियान 2.0 योजना के अंतर्गत कोटा स्टोन वेस्टेज से बने बंजर पहाड़ों को हरा-भरा करने के उद्देश्य से ड्रोन के माध्यम से वनस्पति बीजारोपण किया गया।
इस अभियान की शुरुआत दुर्जनपुरा खनन क्षेत्र से की गई, जहां पालिकाध्यक्ष अखिलेश मेडतवाल ने बीज वर्षा का शुभारंभ किया। औद्योगिक क्षेत्र में स्थित इन बंजर वेस्टेज पहाड़ियों पर चार आधुनिक ड्रोन की मदद से बीजों की बारिश की गई। इससे न केवल इन पत्थरों से अटे इलाकों में हरियाली फैलेगी, बल्कि शहर की सुंदरता और ऑक्सीजन स्तर भी बेहतर होगा।
इस अवसर पर वाटरशेड अधिशाषी अभियंता संजय गोयल, सहायक अभियंता सुग्रीम सिंह और विशेष विशेषज्ञ सीमा जैन भी मौजूद रहे। वॉटर शेड विभाग के अनुसार, सातलखेड़ी, चेचट, देवली, अरनिया, लक्ष्मीपुरा और दुर्जनपुरा क्षेत्रों की पहाड़ियों पर ड्रोन द्वारा सीसम, खेजड़ी और अन्य वनस्पतियों के कुल 125 किलो बीज छिड़के गए हैं। अनुमान है कि इससे लगभग 2 लाख पौधों का विकास होगा।
यह पहल न केवल पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक मजबूत कदम है, बल्कि औद्योगिक कचरे के दोबारा उपयोग का भी एक आदर्श उदाहरण बन रही है। ड्रोन तकनीक के इस उपयोग ने सरकारी योजनाओं में नवाचार को भी दर्शाया है।